किआ इंडिया को लगातार दूसरे साल मिला ‘ग्रेट प्लेस टू वर्क’ सर्टिफिकेशन™, कर्मचारियों को प्राथमिकता देने वाली संस्कृति को मिली मजबूत पहचान

· लगातार दो साल ग्रेट प्‍लेस टू वर्क®सर्टिफिकेशन™ मिलने से किआ इंडिया एक पसंदीदा नियोक्ता के रूप में अपनी मजबूत पहचान को और सुदृढ़ करता है - वर्तमान में किआ इंडिया देश की एकमात्र कार निर्माता कंपनी है, जिसे यह सम्मान लगातार दो वर्षों तक मिला है।

नई दिल्ली : देश की प्रमुख मास-प्रीमियम कार निर्माता कंपनी किआ इंडिया को लगातार दूसरे वर्ष ‘ग्रेट प्लेस टू वर्क’ सर्टिफिकेशन™ मिला है। यह सम्मान भरोसेमंद, समावेशी और कर्मचारियों को केंद्र में रखने वाले कार्यस्थल के निर्माण के प्रति कंपनी की प्रतिबद्धता को और मजबूत करता है। इसके साथ ही किआ इंडिया लगातार दो वर्षों तक यह सम्मान पाने वाली भारत की एकमात्र कार निर्माता कंपनी बन गई है।

यह सर्टिफिकेशन पूरी तरह कर्मचारियों की गोपनीय प्रतिक्रिया पर आधारित है। यह कंपनी में भरोसे, गर्व और जुड़ाव के मजबूत माहौल को दर्शाता है। ताज़ा सर्वे में 93 प्रतिशत कर्मचारियों की भागीदारी दर्ज की गई, जो खुली और सहयोगी कार्यसंस्कृति को दिखाती है।

किआ इंडिया के मैनेजिंग डायरेक्टर और सीईओ ग्वांगगु ली ने कहा, “संस्थान तभी आगे बढ़ते हैं जब लोगों को सोचने, बोलने और जिम्मेदारी के साथ काम करने का भरोसा दिया जाता है। यह सम्मान हमारी टीमों के रोज़मर्रा के प्रयासों, आपसी सहयोग और एक-दूसरे के समर्थन का परिणाम है। किआ इंडिया अपने कर्मचारियों को आगे बढ़ने और मिलकर सफलता हासिल करने का माहौल देने के लिए प्रतिबद्ध है।”

यह सर्टिफिकेशन किआ इंडिया की पीपल-फर्स्ट सोच को फिर से मजबूत करता है, जिसमें कर्मचारियों को संगठन की सफलता का केंद्र माना जाता है।

किआ इंडिया की कार्यसंस्कृति सहयोग, पारदर्शिता, विविधता और निरंतर सीखने पर आधारित है। कर्मचारियों की भागीदारी बढ़ाने और उनकी दीर्घकालिक क्षमता विकसित करने के लिए कंपनी ने संरचित विकास कार्यक्रम, व्यापक कर्मचारी कल्याण पहल और खुले संवाद मंच अपनाए हैं। ‘ग्रेट प्लेस टू वर्क’™ सर्टिफिकेशन™ किआ इंडिया को एक पसंदीदा नियोक्ता के रूप में और मजबूत करता है, जिससे बेहतर प्रतिभा आकर्षित करने, कर्मचारियों को बनाए रखने और संगठन व व्यवसाय के बेहतर परिणाम हासिल करने में मदद मिलती है।

ग्रेट प्लेस टू वर्क कार्यस्थल संस्कृति, कर्मचारी अनुभव और नेतृत्व से जुड़ी श्रेष्ठ प्रथाओं पर काम करने वाली एक वैश्विक संस्था है। ये प्रथाएँ व्यवसाय के सतत प्रदर्शन, नवाचार और कर्मचारियों को लंबे समय तक जोड़े रखने में अहम भूमिका निभाती हैं।

इस सम्मान पर टिप्पणी करते हुए, ग्रेट प्लेस टू वर्क इंडिया के सीईओ बलबीर सिंह ने कहा, “हमारा मानना है कि मजबूत कार्यस्थल संस्कृति भरोसे, उद्देश्य और निरंतरता पर आधारित होती है। लगातार दूसरे वर्ष यह सर्टिफिकेशन हासिल कर किआ इंडिया ने कर्मचारियों के अनुभव और ऐसे कार्य वातावरण के निर्माण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दिखाई है, जहाँ लोग बेहतर प्रदर्शन कर सकें और आगे बढ़ सकें।”

ग्रेट प्लेस टू वर्क के शोध के अनुसार, प्रमाणित संस्थानों में काम करने वाले कर्मचारी 93 प्रतिशत अधिक उत्साह के साथ काम पर जाते हैं। वे वेतन में निष्पक्षता और विकास के समान अवसरों को लेकर दो गुना अधिक सकारात्मक अनुभव करते हैं। वहीं, नौकरी की तलाश कर रहे लोगों के लिए प्रमाणित कार्यस्थलों में उच्च गुणवत्ता वाली नेतृत्व टीम मिलने की संभावना 4.5 गुना अधिक होती है।

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