प्रधानमंत्री कार्यालय से भी हो रही CAQM की निगरानी : डी.एस. ढेसी
- डी.एस. ढेसी की अध्यक्षता में फरीदाबाद में 9वीं अंतर-एजेंसी समन्वय बैठक आयोजित, शहरी परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा
फरीदाबाद । शहरी विकास प्रधान सलाहकार डी.एस ढेसी की अध्यक्षता में आज बुधवार को लघु सचिवालय स्थित सभागार में जिला फरीदाबाद में चल रही विभिन्न परियोजनाओं पर सीईओ एफएमडीए जे. गणेशन, एडीसी सतबीर मान और अन्य संबंधित विभागों व एजेंसी के अधिकारियों के साथ 9वीं अंतर-एजेंसी समन्वय बैठक आयोजित हुई। बैठक में स्मार्ट सिटी परियोजना, अमृत योजना, शहरी परिवहन, जलापूर्ति, सीवरेज नेटवर्क, आवास विकास, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन, पर्यावरण संरक्षण एवं अन्य शहरी आधारभूत संरचना से जुड़ी योजनाओं पर विशेष रूप से चर्चा की गई।
सीएक्यूएम के निर्देशों पर विस्तृत चर्चा :
बैठक में प्रधान सलाहकार डी.एस. ढेसी ने बताया कि CAQM को लेकर भारत सरकार ने प्रोएक्टिव भूमिका निभानी शुरू की है। पहले जहां यह संस्था केवल एडवाइजरी और डायरेक्टिव जारी करती थी, अब यह डिस्ट्रिक्ट और सिटी लेवल पर वन-टू-वन इंटरैक्शन के माध्यम से सक्रिय निगरानी कर रही है। उन्होंने कहा कि सोनीपत, फरीदाबाद, गाजियाबाद और नोएडा जैसे शहरों ने अपने-अपने सिटी एक्शन प्लान तैयार कर लागू किए हैं। इसके साथ ही पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय द्वारा नियमित समीक्षा बैठकें आयोजित की जा रही हैं और प्रधानमंत्री कार्यालय स्तर पर भी मॉनिटरिंग हो रही है, विशेषकर प्रिवेंशन और पॉल्यूशन कंट्रोल के विषय में।
रोड रिपेयर और कंस्ट्रक्शन से जुड़े प्रमुख बिंदु:
बैठक में गांव फतेहपुर-चांदिला में चल रहे सड़क एवं सीवरेज निर्माण कार्यों के संबंध में जानकारी देते हुए बताया गया कि सीवरेज निर्माण कार्य लगभग 80 प्रतिशत पूर्ण हो चुका है। साथ ही, प्रस्तावित सड़क निर्माण कार्य का आवंटन किया जा चुका है तथा इसकी आधारशिला 20 जनवरी 2026 को रखी जा चुकी है और जो काम अलॉट किये गए है वो जल्द से जल्द पूरे कर लिए जायेंगे।
रैनी वेल्स एवं एसटीपी निर्माण कार्यों की प्रगति की समीक्षा:
बैठक में अधिकारियों ने बताया कि 100 MM वाटर सप्लाई लाइन का कार्य प्रगति पर है और मार्च से पहले पूर्ण करने का लक्ष्य है। शेष रैनी वेल्स मार्च–अप्रैल 2026 तक चालू कर दिए जाएंगे। साथ ही माइक्रो-एसटीपी, रीयूज ऑफ वाटर और ग्रीन बेल्ट डेवलपमेंट पर विशेष फोकस किया जा रहा है। रीयूज किए गए ट्रीटेड वाटर का उपयोग रोड स्प्रिंकलिंग, ग्रीन बेल्ट और पार्क्स में किया जा रहा है। इसके अतिरिक्त, चार और रैनी वेल्स दिसंबर 2026 तक तथा पाँच रैनी वेल्स वितरण नेटवर्क सहित 15 जून 2027 तक पूर्ण किए जाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। लंबित टेंडर प्रक्रिया को शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश भी दिए गए।
नेशनल क्लीन एयर प्रोग्राम एवं मैकेनिकल रोड स्वीपिंग कार्यों की समीक्षा :
बैठक में नेशनल क्लीन एयर प्रोग्राम के तहत फंडिंग, यूसी सबमिशन तथा पोर्टल अपडेट से जुड़े तकनीकी मुद्दों पर विस्तृत चर्चा की गई। लंबित निधियों के प्रभावी उपयोग हेतु एक कार्ययोजना तैयार की गई है, जिसमें ग्रीन बेल्ट विकास एवं रोड स्वीपिंग गतिविधियों को प्राथमिकता दी गई है। इसके अतिरिक्त अधिकारियों ने बताया कि मैकेनिकल रोड स्वीपिंग मशीनों की संख्या बढ़ाने की दिशा में कार्रवाई जारी है। ग्रेपके अंतर्गत दैनिक रिपोर्टिंग के साथ-साथ पेनल्टी एवं एक्शन रिपोर्ट्स नियमित रूप से राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को प्रेषित की जा रही हैं।
जेवर–फरीदाबाद रोड एवं कनेक्टिविटी परियोजनाओं की समीक्षा :
बैठक में जेवर–फरीदाबाद रोड परियोजना की समीक्षा करते हुए अधिकारियों ने बताया कि सड़क के एलिवेटेड हिस्से के लिए प्रस्तावित लगभग 45 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है। जेवर से ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे के कार्य को जून–जुलाई 2026 तक पूर्ण करने का लक्ष्य रखा गया है, जबकि संपूर्ण परियोजना के अप्रैल 2027 तक पूर्ण कर दिया जाएगा। इस मार्ग के डीएनडी–फरीदाबाद सेक्शन का कार्य अप्रैल माह तक पूर्ण होने की उम्मीद है, जिससे क्षेत्र में यातायात व्यवस्था में उल्लेखनीय सुधार होगा।
विशेष सड़क मरम्मत कार्यक्रम एवं ‘म्हारी सड़क’ ऐप:
प्रधान सलाहकार डी.एस. ढेसी ने निर्देश दिए कि शहर में विशेष सड़क मरम्मत कार्यक्रम के तहत सभी विभाग अपने-अपने अधिकार क्षेत्र में आने वाली सड़कों की मरम्मत का कार्य पूर्ण करें। साथ ही ‘म्हारी सड़क’ ऐप के माध्यम से प्राप्त शिकायतों का त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जाए तथा नागरिकों को ऐप के उपयोग के लिए जागरूक किया जाए।
बैठक के अंत में प्रधान सलाहकार डी.एस. ढेसी ने सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए परियोजनाओं का समयबद्ध, पारदर्शी एवं गुणवत्तापूर्ण क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
इस अवसर पर बैठक में डिविजनल कमिशर संजय जून, नगर निगम आयुक्त धीरेंद्र खड़गटा, एडीसी सतबीर मान, एडीशनल सीईओ एफएमडीए गौरी मिड्ढा, सीईओ जिला परिषद शिखा, एसडीएम बल्लभगढ़ मयंक भारद्वाज सहित अन्य विभागों के संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
