नायब सरकार का बजट हरियाणा की जनता है हितैषी : विपुल गोयल
फरीदाबाद। कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल ने मंगलवार को बजट पर प्रेस वार्ता करते हुए कहा कि हरियाणा सरकार द्वारा प्रस्तुत वर्ष 2026-27 का बजट केवल आय-व्यय का विवरण नहीं है बल्कि यह जनता के विश्वास और भविष्य की मजबूत नींव का दस्तावेज है। कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल ने कहा कि यह बजट हर वर्ग की अपेक्षाओं को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है और इसमें प्रदेशवासियों के हजारों सुझाव शामिल किए गए हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी द्वारा प्रस्तुत यह बजट जनभागीदारी की भावना को सशक्त करता है। यह किसी पर थोपे गए निर्णयों का बजट नहीं बल्कि जनता की सहभागिता से निर्मित विकास का रोडमैप है।
उन्होंने बताता कि हरियाणा सरकार ने 93 किलोमीटर लंबे दिल्ली-पानीपत आरआरटीएस कॉरिडोर, जिसकी लागत 32,327 करोड़ है, को स्वीकृति दी है। इसके साथ ही 64 किलोमीटर लंबे दिल्ली-फरीदाबाद-नोएडा-जेवर एयरपोर्ट आरआरटीएस कॉरिडोर, जिसकी लागत 3,573 करोड़ है, को भी मंजूरी दी गई है। इन दोनों परियोजनाओं से प्रदेश में तेज, सुरक्षित और आधुनिक क्षेत्रीय परिवहन नेटवर्क को मजबूती मिलेगी। विशेष रूप से फरीदाबाद को राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के प्रमुख आर्थिक केंद्रों और जेवर एयरपोर्ट से बेहतर और उच्च गति की कनेक्टिविटी प्राप्त होगी। क्योंकि फरीदाबाद को रोड इन्फ्रास्ट्रक्चर, फ्लाईओवर, गुरुग्राम-फरीदाबाद ट्रांजिट लिंक का लाभ मिलेगा।
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उसके साथ ही पूरे फरीदाबाद शहर में पूरी 100 किलोमीटर की सडक़ को सशक्त करके स्मार्ट अपग्रेड दिया जाएगा। कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल ने बताया कि वर्ष 2026-27 का कुल बजट आकार दो लाख तेईस हजार छह सौ अ_ावन करोड़ रुपये से अधिक है, जो पिछले वर्ष की तुलना में लगभग दस प्रतिशत अधिक है। पिछले दस वर्षों में हरियाणा की अर्थव्यवस्था तीन गुना हुई है और प्रति व्यक्ति आय में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। राजकोषीय घाटे को नियंत्रित रखते हुए विकास कार्यों पर संतुलित व्यय किया गया है, जो प्रदेश की मजबूत वित्तीय स्थिति को दर्शाता है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश विकसित भारत की ओर अग्रसर है और मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में हरियाणा विकसित राज्य बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल ने बताया कि हरियाणा में इंडस्ट्रियल एस्टेट के इंफ्रास्ट्रक्चर को सुदृढ़ करने के लिए 500 करोड़ रुपये प्रस्तावित किए गए हैं। फरीदाबाद में भी नए ढ्ढरूञ्ज विकसित किए जाएंगे। इसके साथ ही अनस्किल्ड श्रमिकों के लिए हरियाणा में न्यूनतम वेतन 11,257 रुपये से बढ़ाकर 15,200 रुपये किया गया है।
