फरीदाबाद के गेस्ट टीचरों ने राजरानी के बलिदान दिवस पर यज्ञ कर दी श्रद्धांजलि
फरीदाबाद । गेस्ट टीचरों के अधिकारों की लड़ाई में अपने प्राणों की आहुति देने वाली दिवंगत गेस्ट टीचर राजरानी के 19वें बलिदान दिवस पर सोमवार को फरीदाबाद में उन्हें श्रद्धापूर्वक याद किया गया। जिलेभर के गेस्ट टीचर राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, सागरपुर में एकत्रित हुए और यज्ञ कर राजरानी को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। यज्ञ सोमदत्त शास्त्री द्वारा संपन्न कराया गया तथा उपस्थित सभी लोगों ने एक मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा को श्रद्धांजलि दी।
जिला प्रधान रघु वत्स ने कहा कि रोजगार और अपने अधिकारों की लड़ाई लड़ते हुए राजरानी ने अपने प्राणों का बलिदान दिया था। उन्होंने बताया कि 7 सितंबर 2008 को रोहतक में नियमितीकरण की मांग को लेकर किए जा रहे प्रदर्शन के दौरान पुलिस की गोली लगने से राजरानी की मृत्यु हुई थी। राजरानी जींद जिले की रहने वाली थीं।
उन्होंने कहा कि गेस्ट टीचरों को नियमित करने का मुद्दा हरियाणा भाजपा के 2014 के घोषणा-पत्र में भी शामिल किया गया था। इसके बावजूद आज भी हजारों गेस्ट टीचर अपने भविष्य और रोजगार की चिंता के बीच नियमितीकरण की उम्मीद लगाए बैठे हैं। उन्होंने कहा कि पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के आदेश के बाद गेस्ट टीचरों में अपनी मांग पूरी होने की उम्मीद और मजबूत हुई है।
गेस्ट टीचरों ने सरकार से मांग की कि माननीय न्यायालय के आदेश के अनुरूप निर्धारित समय-सीमा में गेस्ट टीचरों को नियमित किया जाए। उन्होंने कहा कि बलिदानी राजरानी ने जिस अधिकार, सम्मान और रोजगार की लड़ाई के लिए अपना बलिदान दिया था, उस सपने को साकार करना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
श्रद्धांजलि कार्यक्रम के दौरान उपस्थित गेस्ट टीचरों ने राजरानी के बलिदान को नमन करते हुए उनके संघर्ष और त्याग को सदैव याद रखने का संकल्प लिया तथा सरकार से न्यायालय के आदेशानुसार जल्द से जल्द गेस्ट टीचरों के नियमितीकरण की मांग दोहराई।
इस अवसर पर जिला संयोजक ईनामी सिंह तेवतिया, जिला प्रधान रघु वत्स, प्रिंसिपल जितेन्द्र कुमार, मुख्याध्यापक समर देशवाल, ओमपाल शास्त्री, सुन्दर भड़ाना, मनोज शास्त्री, गुरवीर सिंह हुड्डा, सोमदत्त शास्त्री, सुनील कुमार, ऊषा रानी, सविता वशिष्ठ, दीपक खुराना, संतोष नरवत, कमलेश हुड्डा, सुषमा रानी सहित अनेक गेस्ट टीचर विशेष रूप से उपस्थित रहे।