गेस्ट टीचर्स का आंदोलन होगा तेज, 17-18 अक्टूबर को रोहतक में बनेगी आगामी रणनीति।
पलवल के गेस्ट टीचर्स ने बैठक कर रोहतक की राज्य स्तरीय बैठक एवं कन्वेंशन में बढ़-चढ़कर भाग लेने का लिया फैसला।
पलवल: हरियाणा में गेस्ट टीचर्स को नियमित करने की मांग को लेकर आंदोलन तेज करने की तैयारी शुरू हो गई है। आगामी आंदोलन की रणनीति बनाने और मांगों को लेकर आगे की दिशा तय करने के लिए 17 और 18 अक्टूबर को रोहतक स्थित सर्व कर्मचारी संघ भवन में राज्य स्तरीय बैठक एवं कन्वेंशन आयोजित की जाएगी। पलवल जिले के गेस्ट टीचर्स ने बैठक कर रोहतक में होने वाले कार्यक्रम में बढ़-चढ़कर भाग लेने का फैसला लिया है।
राजकीय अनुबंधित अध्यापक संघ-41 के जिला प्रधान उदयराम शास्त्री ने बताया कि गेस्ट टीचर्स का आंदोलन सफलता की ओर बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने ओएसडी भोपाल खदरी को गेस्ट टीचर्स की नियमितीकरण संबंधी मांग पर अधिकारियों से बातचीत कर समाधान निकालने की जिम्मेदारी सौंपी है। भोपाल खदरी के अनुसार, एक सप्ताह के भीतर एजी (एडवोकेट जनरल) और शिक्षा विभाग के अधिकारियों के साथ दोबारा बैठक कर तीन वर्ष वाली नियमितीकरण नीति के अनुसार प्रक्रिया का समाधान निकालने का प्रयास किया जाएगा।
दो दिन चलेगा मंथन, आंदोलन की बनेगी रणनीति
उदयराम शास्त्री ने बताया कि 17 अक्टूबर को रोहतक में जिला एवं राज्य स्तर के पदाधिकारियों की बैठक आयोजित की जाएगी। इसमें आंदोलन की अब तक की स्थिति की समीक्षा करने के साथ आगामी रणनीति पर विचार-विमर्श किया जाएगा। वहीं, 18 अक्टूबर को ब्लॉक स्तर के पदाधिकारियों और जागरूक गेस्ट टीचर्स को राज्य स्तरीय कन्वेंशन में आमंत्रित किया गया है।
उन्होंने कहा कि गेस्ट टीचर्स लंबे समय से नियमितीकरण की मांग को लेकर संघर्ष कर रहे हैं। अब समय आ गया है कि सभी साथी एकजुट होकर अपने अधिकारों की लड़ाई को निर्णायक दिशा दें।
पलवल से बड़ी भागीदारी का आह्वान राज्य सूचना एवं प्रचार-प्रसार सचिव रिशाल सिंह ने बताया कि पलवल जिले से गेस्ट टीचर्स रोहतक की बैठक एवं कन्वेंशन में बढ़-चढ़कर भाग लेंगे। उन्होंने कहा कि आंदोलन को मजबूत बनाने के लिए प्रदेशभर के गेस्ट टीचर्स की एकजुटता बेहद जरूरी है।
वहीं, राजकीय अनुबंधित अध्यापक संघ-41 के राज्य उपप्रधान महेश तेवतिया ने कहा कि रोहतक में होने वाली बैठक में आंदोलन को तेज करने के साथ-साथ सरकार के साथ बातचीत का रास्ता खुला रखने पर भी जोर दिया जाएगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि सकारात्मक बातचीत के माध्यम से नियमितीकरण की मांग का समाधान निकलेगा।
नियमितीकरण की मांग पर टिकी निगाहें
गेस्ट टीचर्स की निगाहें अब सरकार और संबंधित अधिकारियों के साथ प्रस्तावित बातचीत पर टिकी हैं। शिक्षक संगठनों को उम्मीद है कि तीन वर्ष वाली नियमितीकरण नीति के अनुसार प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के संबंध में ठोस कदम उठाए जाएंगे।
रोहतक में होने वाली दो दिवसीय बैठक और कन्वेंशन को गेस्ट टीचर्स के आंदोलन की आगामी दिशा तय करने के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इसमें आंदोलन को मजबूत करने, शिक्षकों की अधिक भागीदारी सुनिश्चित करने और नियमितीकरण की मांग को प्रभावी ढंग से उठाने पर मंथन किया जाएगा।इस अवसर पर राज्य कोषाध्यक्ष अशोक शास्त्री, करण सिंह, विजय,राजेंद्र,कर्मवीर,धर्मवीर,अरशद अहमद आदि उपस्थित रहे