मजबूती से उठाता रहूंगा नगर निगम कर्मचारियों के हक-हकूक की आवाज : सुमित गौड़
कांग्रेस प्रदेश प्रवक्ता ने हड़ताल स्थल पर पहुंचकर निगम कर्मचारियों को दिया समर्थन
फरीदाबाद। नगरपालिका कर्मचारी संघ हरियाणा की हड़ताल फरीदाबाद में 27वें दिन में प्रवेश कर गई है। हरियाणा कांग्रेस कमेटी के प्रदेश प्रवक्ता सुमित गौड़ ने आज धरनास्थल पर पहुंचकर हड़ताल कर रहे सफाई कर्मचारियों को अपना समर्थन दिया। उन्होंने कहा कि सफाई कर्मचारियों के संघर्ष में उनका समर्थन पहले भी था, आज भी है और आगे भी लगातार जारी रहेगा। उन्होंने कर्मचारियों को भरोसा दिलाया कि उनकी मांगों की आवाज को मजबूती से उठाते रहेंगे। इस मौके पर हरियाणा कर्मचारी यूनियन के प्रदेशाध्यक्ष भाई नरेश शास्त्री जी, जिलाध्यक्ष भाई बलबीर जी, बल्लभगढ़ से मगनबीर चौधरी, एडवोकेट शशांक जैन, सनी बादल, अजयबीर, मोनू चौधरी, फिरोज, विवेक शर्मा आदि अन्य साथी शामिल रहे। सुमित गौड़ ने नर सेवा नारायण सेवा की भावना के तहत अपनी ओर से धरने पर बैठे सफाई कर्मचारियों के लिए भोजन की व्यवस्था कराई।
उन्होंने कहा कि सफाई कर्मचारी दिन-रात शहर की सफाई व्यवस्था संभालकर आम जनता की सेवा करते हैं, इसलिए उनके संघर्ष के समय उनके साथ खड़ा होना और अपनी ओर से सेवा करना सम्मान और अपनत्व का भाव है। सुमित गौड़ ने कहा कि सफाई कर्मचारियों की हड़ताल का असर अब केवल शहर के मुख्य इलाकों तक सीमित नहीं है, बल्कि आसपास के शहरों, कॉलोनियों और गांवों के लोग भी सफाई व्यवस्था को लेकर काफी परेशान हैं। सरकार को कर्मचारियों की मांगों को गंभीरता से लेते हुए जल्द समाधान निकालना चाहिए, क्योंकि सफाई व्यवस्था सीधे तौर पर आम जनता के स्वास्थ्य से जुड़ी हुई है। उन्होंने कहा कि अभी दो दिन पहले उन्होंने सीही गांव का दौरा किया था, जो ग्रामीण क्षेत्र होने के साथ-साथ सेक्टर और कॉलोनी से भी जुड़ा हुआ है तथा सेक्टर-3 के बराबर आबादी वाला बड़ा क्षेत्र है। वहां सफाई व्यवस्था पूरी तरह चरमराई हुई है। जगह-जगह जलभराव और सीवर भरे हुए हैं, जिसके कारण स्थानीय लोग बेहद परेशान हैं।
गंदगी और जलभराव के कारण लोग बीमार हो रहे हैं और बच्चों का स्कूल जाना मुश्किल हो गया है। सुबह लोगों को अपने जरूरी कामों के लिए निकलने, मंदिर जाने और पूजा-पाठ करने तक में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लोग नारकीय जीवन जीने को मजबूर हैं। सुमित गौड़ ने कहा कि गेस्ट टीचर को देख लो, जेन जी को देख लो, आंगनबाड़ी वर्करों को देख लो, ऐसा कोई कर्मचारी वर्ग नहीं है जो इस भाजपा सरकार में शोषण और परेशानी से अछूता हो। उन्होंने कहा कि सरकार कर्मचारियों की आवाज सुनने के बजाय उनकी मांगों को लगातार नजरअंदाज कर रही है। उन्होंने कहा कि सफाई कर्मचारियों की मांगें नहीं मानी गईं तो इसका सीधा नुकसान जनता को उठाना पड़ेगा। शहर में गंदगी बढऩे और सफाई व्यवस्था प्रभावित होने से बीमारियां फैलने का खतरा लगातार बढ़ रहा है। सरकार को हठधर्मिता छोडक़र तुरंत कर्मचारियों से बातचीत करनी चाहिए और उनकी जायज मांगों का समाधान निकालना चाहिए।